दीक्षार्थी मंगलभावना समारोह का आयोजन

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दीक्षार्थी मंगलभावना समारोह का आयोजन

सरदारशहर।
सरदारशहर वासियों के लिए अत्यंत हर्ष का विषय है कि पूज्यप्रवर ने महती कृपा कर सरदारशहर के दक्ष नखत सुपुत्र दीपक-बिंदु देवी नखत की जैन भगवती दीक्षा 8 दिसंबर, 2022 को सिरियारी में फरमाई है। तेरापंथ भवन में दीक्षार्थी मुमुक्षु दक्ष नखत का भव्य वरघोड़ा उनके पैतृक निवास बच्छराज नखत के निवास, जवाई चौक से रवाना होकर सुजानमल दुगड़ के पैतृक निवास से होते हुए पुरानी एलआईसी रोड, मेन बाजार, घंटाघर से होते हुए तेरापंथ भवन पहुँचा।
साध्वी सुमतिप्रभा जी की सन्निधि में दीक्षार्थी भाई की अभिवंदना में एक कार्यक्रम आयोजित किया गया। महिला मंडल की तरफ से अनीता धाड़ेवा ने मंगलाचरण किया। मुमुक्षु सलोनी बाई ने अपने लाड़ले भाई के प्रति उद्गार व्यक्त करते हुए कहा कि तुम हमेशा गुरुदेव की इंगित की आराधना करना, साधु जीवन के अचार-विचार के प्रति जागरूक रहना। साध्वी चारित्रयशा जी ने कहा कि माता-पिता, पारिवारिक जन धन्य होते हैं जो अपने कलेजे की कोर को गुरु चरणों में समर्पित करते हैं। मुमुक्षु दक्ष सौभाग्यशाली है कि इसकी मम्मी ने इसे बचपन से ही ऐसे संस्कारों में ढाला।
साध्वी सुमतिप्रभा जी ने कहा कि यह मेरे संसारपक्षीय भुआसा का पोता है। बचपन से ही इसके मन में त्याग-वैराग्य की प्रवृत्ति रही है। जब यह 5 वर्ष का बच्चा था तब सन् 2014, दिल्ली चातुर्मास में इसे एक दिन सेवा करा रही थी और दीक्षा के लिए प्रेरित कर रही थी तब साध्वी विशालयशा जी एक कागज का टुकड़ा लाई जिस पर लिखा हुआ थाµमैं दीक्षा लूँगा। उस पर इसने अपने हस्ताक्षर कर दिए। आज इसने जैसा कहा था वैसा करके दिखा दिया। इसके माता-पिता को साधुवाद जिन्हें अपने दोनों बच्चों का शत-प्रतिशत दान का सौभाग्य प्राप्त हुआ। दीक्षार्थी दक्ष ने कहा कि बच्चे परिवार, समाज व संघ का भविष्य हैं। माता-पिता का फर्ज बनता है कि उन्हें बचपन से ही धार्मिक संस्कार दें।
कार्यक्रम के दौरान सभा अध्यक्ष सिद्धार्थ चिंडालिया, तेरापंथी महिला मंडल अध्यक्षा सुषमा पींचा, तेयुप मंत्री धीरज छाजेड़, अणुव्रत समिति उपाध्यक्ष सुमन भाई भंसाली, ज्ञानशाला की तरफ से सुनीता कुंडलिया एवं हृदय मंडल, कन्या मंडल की तरफ से चंचल नखत, सभा मुख्य ट्रस्टी राजेश बुच्चा, नखत एवं दुगड़ परिवार ने सामूहिक गीतिका का संगान किया। दक्ष के दादीसा मंजु देवी नखत, राजेश डोसी, सुजानमल दुगड़, दक्ष के पिताजी दीपक नखत, भंवरलाल नखत आदि ने अपने भावों की अभिव्यक्ति दी। सभा संस्थाओं की तरफ से दीक्षार्थी दक्ष नखत का जैन ध्वज पहनाकर एवं धार्मिक पुस्तकें भेंट कर सम्मान किया गया। श्रावक समाज की कार्यक्रम में अच्छी उपस्थिति रही।