१६०वें मर्यादा महोत्सव के विविध कार्यक्रम

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१६०वें मर्यादा महोत्सव के विविध कार्यक्रम

सचिन, गुजरात

मर्यादा महोत्सव के कार्यक्रम में मुनि कुलदीपकुमार जी ने कहा- ‘आचार्य भिक्षु ने अपने समय में साधु संस्था में व्याप्त शिथिलाचार के सामने विरोध का बिगुल फूंका एवं संघ से पृथक होने का निर्णय लिया। उन्होंने संघ से अभिनिष्क्रमण कर दिया और अकेले चल पड़े। उनके मार्ग में अनेक संकट आए। पांच वर्ष तक तो पर्याप्त आहार पानी भी नहीं मिला। पन्द्रह वर्षों के बाद जब उन्होंने देखा कि उनके सिद्धांत लोगों में स्वीकृत होने लगे हैं, लोग उनके मार्ग का अनुसरण करने लगे हैं तब उन्होंने संघ के सुचारू संचालन के लिए मर्यादाओं का निरूपण करना शुरू किया। आचार्य भिक्षु द्वारा प्रस्थापित मर्यादाओं का आज भी तेरापंथ धर्मसंघ में अक्षरशः पालन होता है। इन्हीं मर्यादाओं के आधार पर तेरापंथ धर्मसंघ विकास के नए-नए शिखरों पर पहुंच रहा है।
मुनि कुलदीपकुमार जी ने अपने सहवर्ती संत मुनि मुकुलकुमार जी की जन्मभूमि सचिन में उनके प्रति उद्गार व्यक्त करते हुए कहा- मुनि मुकुलकुमार जी अत्यंत विनम्र और विनीत संत हैं। उन्होंने धर्म ग्रंथो का अच्छा अध्ययन किया है। इनके संसारपक्षीय पिता राजमल कालिया धर्मसंघ के प्रति पूर्ण समर्पित श्रावक हैं। मैं उनके आध्यात्मिक विकास के लिए मंगल भावनाएं प्रेषित करता हूं। यहां के जैन समाज ने जैन एकता का सुंदर उदाहरण प्रस्तुत किया है। सकल जैन समाज द्वारा मर्यादा महोत्सव का आज का आयोजन हुआ है, वह अपने आप में विशेष महत्वपूर्ण है।
मुनि मुकुल कुमार जी ने कहा- ‘इतिहास इस बात का साक्षी है कि मर्यादाएं हमेशा व्यक्ति की सुरक्षा करती है। जब-जब मर्यादाओं की लक्ष्मण रेखा का उल्लंघन हुआ है, सुरक्षा भी समाप्त हुई है। मर्यादाओं का पालन उन्नति और विकास का राजपथ है।’ उन्होंने कहा- ‘मुनिश्री कुलदीप कुमार की निश्रा में रहकर मैंने बहुत कुछ सीखा है। उनका मुझ पर अप्रतिम वात्सल्य रहा है। उन्होंने मेरे संदर्भ में अनेक बातें बताई है, यह मुनिश्री की विशेष कृपा और प्रमोद भावना का ही द्योतक है।
अणुव्रत विश्व भारती के गुजरात प्रभारी अर्जुन मेड़तवाल, तेरापंथी सभा उधना के अध्यक्ष बसंतीलाल नाहर, तेरापंथी सभा सचिन के अध्यक्ष सुखलाल खमेसरा, स्थानकवासी समाज के अध्यक्ष सागरमल बरलोटा, पीयूष ओस्तवाल, जीनल ओस्तवाल, तेरापंथी सभा सचिन के पूर्व अध्यक्ष राजमल काल्या आदि ने अपने भावों की प्रस्तुति दी। विभिन्न सभा संस्थाओं ने गीत, वक्तव्य तथा परिसंवाद द्वारा रोचक प्रस्तुति दी। मंगलाचरण तेरापंथ महिला मंडल सचिन ने एवं आभार ज्ञापन पिंटू मुणोत ने किया। कार्यक्रम का संचालन तेरापंथी सभा उधना के उपाध्यक्ष मुकेश बाबेल ने किया।