संस्कार किसी Mall में नहीं, ज्ञानशाला के माहौल में मिलते हैं

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उधना।

संस्कार किसी Mall में नहीं, ज्ञानशाला के माहौल में मिलते हैं

आचार्य श्री महाश्रमणजी की विदुषी सुशिष्या डॉ. साध्वी परमयशाजी के सान्निध्य में 'मंत्र दीक्षा कार्यशाला एवं किशोर दिवस' के कार्यक्रम का समायोजन हुआ। डॉ. साध्वी परमयशाजी ने अपने उद् बोधन में कहा कि किशोर मंडल 'गहन अंधेरी रात में जो मशाल बन जाते हैं, आने वाले युग में वे ही मिसाल बन जाते हैं।' अगर आपको कुछ बनना है तो अगरबत्ती ज्यों बन सकते हैं। अगरबत्ती को कोई भी जलाए कभी भी जलाए। अगरबत्ती ज्यों संस्कारों की सौरभ साथ रखे। माचिस की तिली कभी न बने जो थोड़ी-सी घर्षण से जलने लग जाती है। माचिस की तिली ज्यों Angry न बने। Happy person बने। Laughing Buddha घर में सजाते हैं। खुद ही Laughing Buddha बन जाएँ। स्टूडियो में Photo खिंचवाने जाते हैं। 'Please Smile' फोटो ग्राफर कहता है। 15 seconds मुस्कुराने में Photo अच्छी आती है। हर समय smiling करते रहो तो ज़िंदगी की रील Very nice बन जाती है। आज रहन-सहन खान पान वेशभूषा बदल रही है। संस्कार बदल रहे हैं। बुजुर्गों का सम्मान कम हो रहा है। पारम्परिक रीति-रिवाज कम हो रहे हैं। रिश्तों का अपनत्व कम हो रहा है।
किशोर मंडल में Ego Problem का Infection कम हो यही मंगल कामना। संघ का गौरव हैं। परिवार की गरिमा हैं। बालक भगवान के देवदूत हैं। संस्कार किसी Mall में नहीं, Market में नहीं मिलते। संस्कार निर्माण की पहली unit है परिवार। संस्कार सम्पन्न बनने का दूसरा unit है ज्ञानशाला। जहाँ बच्चे जीरो से हीरो बन जाते हैं। मन के मालिक बन जाते हैं। खुद के भाग्य-विधाता बन जाते हैं। एक श्रेष्ठ बालक का निर्माण सौ school से बेहतर है। ज्ञानशाला ज्ञान का मंदिर है। ज्ञानशाला एक दौलत है। एक खजाना है। ज्ञानशाला एक मंगलकलश है। ज्ञानशाला एक चार्जर है। ज्ञानशाला एक कल्पवृक्ष है। ज्ञानार्थी All the Best बने। Ideal बने। साध्वी श्री ने ज्ञानशाला के ज्ञानार्थियों को मंत्र दीक्षा दिलाई। कार्यक्रम में ज्ञानशाला के बच्चों ने 'वर्णमाला' पर एक सुंदर प्रस्तुति दी और 'नमस्कार महामंत्र के द्वारा CANCER जैसी महारोग भी ठीक हो सकती है' इस पर भी बहुत ही रोचक व Wonderful Performance नाटक के द्वारा प्रस्तुति दी। किशोर दिवस के अंतर्गत किशोरों ने लघु नाटिका के माध्यम से लौकिक और लोकोत्तर दान की सुंदर प्रस्तुति दी। अखिल भारतीय कन्या मंडल अधिवेशन में उधना कन्या मंडल ने प्रथम स्थान प्राप्त किया है। कार्यक्रम का संयोजन अनिल सिंघवी ने किया और आभार ज्ञापन पीयूष आंचलिया ने किया।